संत कबीर नगर- उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन कनविक्शन” अभियान के तहत, संत कबीर नगर पुलिस की सक्रिय और प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप, आज एक महत्वपूर्ण सफलता मिली है। गोवध निवारण अधिनियम से संबंधित एक अभियुक्त को न्यायालय ने जेल में बिताई गई अवधि और न्यायालय उठने तक की सजा के साथ कुल 500 रुपये का अर्थदण्ड भी लगाया है।
प्रभावी विवेचना और पैरवी का परिणाम
आज दिनांक 26 जून 2025 को सीजे (जेडी)/जेएम संत कबीर नगर न्यायालय द्वारा अभियुक्त को दण्डित किया गया। यह कार्यवाही संत कबीर नगर पुलिस द्वारा की गई गुणवत्तापूर्ण विवेचना और अभियोजन द्वारा की गई प्रभावी पैरवी का सीधा परिणाम है। पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के “ऑपरेशन कनविक्शन” अभियान का मुख्य उद्देश्य जघन्य अपराधों में त्वरित और प्रभावी न्याय सुनिश्चित करना है।
क्या था मामला?
यह मामला मुकदमा अपराध संख्या 140/2002 से संबंधित है, जो धारा 3/8 सीएस एक्ट और 11 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, थाना दुधारा, जनपद संत कबीर नगर के तहत दर्ज किया गया था। इस मामले में अभियुक्त अब्दुल हई पुत्र बुलाकी बंजारा, निवासी भरवलिया बूधन, थाना दुधारा, जनपद संत कबीर नगर शामिल था।
अभियुक्त अब्दुल हई द्वारा जुर्म स्वीकार करने पर, न्यायालय ने उसे धारा 3/8 सीएस एक्ट के तहत जेल में बिताई गई अवधि और 400 रुपये का अर्थदण्ड से दण्डित किया। इसके अतिरिक्त, धारा 11 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत उसे 100 रुपये का अर्थदण्ड लगाया गया। न्यायालय ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि अभियुक्त अर्थदण्ड का भुगतान नहीं करता है, तो उसे दो दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।