संतकबीरनगर जिले के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान सूर्या ग्रुप ऑफ कॉलेज के चेयरमैन डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी के पैतृक गांव भिटहां में उनके पिता स्वर्गीय पंडित सूर्य नारायण चतुर्वेदी की स्मृति में नौ दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ। इस आयोजन का उद्देश्य सामाजिक समरसता का संदेश देने के साथ ही लोगों को धर्म के प्रति आस्थावान बनाना है। आपको बता दें कि इस कथा आयोजन में वृंदावन धाम के प्रसिद्ध कथावाचक त्रिभुवन दास जी महाराज अपनी संगीतमयी टीम के साथ कथा का रसपान करा रहे हैं। कथा का शुभारंभ पारंपरिक गणेश वंदना और हनुमान चालीसा के साथ हुआ। जिसके बाद भक्तिमय भजनों की प्रस्तुति ने उपस्थित भक्तों को भक्ति रस से सराबोर कर दिया।
कथा के शुभारंभ के अवसर पर मुख्य यजमान श्रीमती चंद्रावती देवी के साथ कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। इनमें प्रमुख रूप से पूर्व विधायक जय चौबे, सूर्या ग्रुप ऑफ कॉलेज के चेयरमैन डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी, पूर्व प्रमुख राकेश चतुर्वेदी, जिला पंचायत अध्यक्ष बलिराम यादव, तथा एसआर के एमडी राकेश चतुर्वेदी और रत्नेश चतुर्वेदी शामिल रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत में मुख्य यजमान श्रीमती चंद्रावती देवी के नेतृत्व में पूर्व विधायक जय चौबे, डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी और अन्य ने भगवान श्रीकृष्ण और कथा पीठ की आरती उतारी।
कथा के पहले दिन कथावाचक श्री त्रिभुवन दास जी महाराज ने शुकदेव जी की कथा सुनाई। उन्होंने बताया कि शुकदेव जी ने भगवान विष्णु के आश्वासन के बाद ही माता के गर्भ से बाहर कदम रखा और तुरंत वैराग्य धारण कर लिया क्योंकि वे माया के प्रभाव से परे थे।महाराज ने अपनी कथा के माध्यम से प्रभु की महिमा बताते हुए भक्तों को सत्कर्म पर चलने और जीवन में पुत्र धर्म के महत्व पर भी विस्तार से प्रकाश डाला। यह नौ दिवसीय आयोजन भिटहां गांव में धर्म, भक्ति और सामाजिक एकजुटता का माहौल निर्मित कर रहा है।
